(डॉ. जफर सैफी/सम्पादक)
रामनगर (नैनीताल)। उत्तराखंड के नैनीताल जनपद के कार्बेट नगरी रामनगर मे पले बड़े नगर के होनहार बेटे डाॅ. अजहर वारसी ने एमबीबीएस के बाद रेडियोलाॅजी मे एमडी की डिग्री हासिल करके इस डिग्र्री को हासिल करने वाले नगर के पहले बेटे बनकर रामनगर के इतिहास मे अपना नाम सुनहरे लफ्जो मे लिख दिया है। नगर मे फायर बिगे्रड चैराहे पर स्थित सिटी नर्सिंग होम के संचालक डाॅ. अतीक वारसी व जीनत वारसी के बड़े बेटे डाॅ. अजहर वारसी ने अपने जीवन की शुरूआती शिक्षा के तहत क्लास सेकेंड तक गार्डन वैली व क्लास थर्ड से इंटरमीडिएट तक नगर के डीडी छिम्बाल पब्लिक स्कूल से हासिल की तद्उपरांत हल्द्वानी व कोटा से नीट की कोचिंग के उपरांत सफलता हासिल की व डाॅ. सुशीला तिवारी राजकीय मेडिकल काॅलेज, हल्द्वानी से एमबीबीएस की शिक्षा प्राप्त की तद्उपरांत डाॅ. बीडी पांडे हाॅस्पिटल, नैनीताल मे कुछ समय अपनी सेवाये दी फिर जोलीग्रांट मेडिकल काॅलेज एंड हाॅस्पिटल से रेडियोलाॅजी मे एमडी की डिग्र्री हासिल की है। रेडियोलोजी विभाग मे अल्ट्रासाउंड व एक्सरे, सीटी स्कैन, एमआरआई जैसी मशीनो के जरिये रोगी की बीमारियो के पता लगाये जाने की तकनीक को पढ़ाया व सिखाया जाता है। अक्सर इतने बड़े लेबिल की डिग्र्री प्राप्त करके डाॅक्टर बड़े पैकेज के लालच मे बड़े शहरो या विदेशो मे पलायन कर जाते है मगर डाॅ. अजहर भविष्य मे अपने अनुभवो का लाभ उत्तराखंड के कुमाॅऊ मण्डल व रामनगर की जनता को देना चाहते है। वह अपनी उपलब्धि का श्रैय अपने खुदा के बाद अपने माता व पिता, पत्नी डाॅ. ताबिर रहमान, छोटे भाई डाॅ. अरशद वारसी व अपने गुरूजनो को देते है तथा भविष्य मे डाॅक्टर बनने वाले छात्र-छात्राओ को यह संदेश देते है कि मेहनत व लगन के दम पर कोई भी लक्ष्य हासिल किया जा सकता है।
फोटो-डाॅ. अजहर वारसी।






