(डाॅ. जफर सैफी/प्रधान सम्पादक)
रामनगर (नैनीताल)। शाइनिंग स्टार स्कूल मे साइंस के लेंस से यूनिवर्स को एक्सप्लोर करने के 20 व 21 जनवरी के दो दिवसीय कार्यक्रम मे देश के सुप्रसिद्व वैज्ञानिक, इंजीनियर, सांइस कम्युनिकेटर गौहर रजा, सोशल और ह्यूमन राइट्स एक्टिविस्ट शबनम हाशमी ने छात्र-छात्राओ को सांइस की दृष्टि से इस सृष्टि की उत्पत्ति के संदर्भ मे विस्तार से जानकारी दी। कार्यक्रम के पहले दिन क्लास इलेवन्थ (साइंस) के स्टूडेंट्स ने यूनिवर्स, माइथोलॉजी और हिस्ट्री से जुड़े टॉपिक पर अपने सेमिनार पेपर प्रेजेंट किए। प्रोग्राम को राशि तिवारी ने होस्ट किया और उनके टीचर्स रोहित रावत और कैसर राणा ने उन्हें गाइड किया। इस मौके पर पहले प्रेजेंटेशन के तहत भुपेन्द्र व तुषिका नेगी ने मिथक से साइंस तकरू गौहर रजा की लिखी किताबों पर एक रीडर का नजरिया व साइंटिफिक जांच और इंसानी समझ के विकास पर आधारित प्रस्तुत किये व दूसरे प्रेजेंटेशन मे सृष्टि, सुमित और इशिका ने पौराणिक ब्रह्मांडरू कैसे पुरानी सभ्यताओं ने शुरुआती इंसानी सोच के जरिए यूनिवर्स को समझा। तीसरे प्रेजेंटेशन मे दीप चंद्र, आयुष गुसाईं, गौरव और हिमांशु ने ओरिजिन मॉडल्सरू यूनिवर्स की शुरुआत को समझाने वाले साइंटिफिक थ्योरी और हिस्टोरिकल मॉडल्स को प्रस्तुत किया। चैथे प्रेजेंटेशन मे अरमान सैफी, लकी, नमन, आयुष बिष्ट और दीपांशु ने द बिग बैंग थ्योरी, हॉट, डेंस ओरिजिन और स्पेस के लगातार फैलने का एक्सप्लेनेशन के बारे मे विस्तार से समझाया। पांचवें प्रेजेंटेशन मे कृतिका राणा ने कॉस्मिक एक्सपेंशनरू साइंटिफिक आधार और साइंटिफिक विचारों का विकास विषय को बेहतरीन तरीके से समझाया। इस अवसर पर मिस्टर गौहर रजा के द्वारा न सिर्फ साइंस की अहमियत और साइंस और मिथक के बीच साफ फर्क बनाए रखने की जरूरत पर रोशनी डाली, बल्कि लिटरेचर, आर्ट और फिलॉसफी की अहम भूमिका पर भी जोर दिया। मिस्टर रजा ने उन सामाजिक बुराइयों के बारे में बात की जो हमारे कट्टर समाज में बनी हुई हैं और उनके खिलाफ अकेले, सोच-समझकर और मिलकर बोलने की जरूरत पर जोर दिया। इस मोके पर स्कूल के डायरेक्टर डीएस नेगी, प्रिंसीपल तुलसी सिंह सहित बड़ी संख्या मे स्कूल के टीचर्स मौज्ूाद रहे।
फोटो-मुख्य अतिथि गौहर रजा।






